कहीं आप भी गटर से निकले तेल का खाना तो नही खा रहे?

0
359

देहरादून ब्यूरो। अगर आप भी इन जगहों के restaurants में जाकर खाना खाते हैं तो आपको सावधान होने की जरूरत है। कहीं आप गटर से निकाले गए तेल का खाना तो नही खा रहे। कानों को विश्वास नही हुआ न तो चलिए अपनी आखों से देख लीजिए।

चीन भारी मुनाफा कमाने के लिए कई तरह के नकली पदार्थ लेकर आता रहता है। कभी नकली अंडे कभी नकली चावल तो कभी प्लास्टिक का चिकिन मटन। मगर इस बार तो चीन ने हद ही कर डाली। अब यहां Restaurant के आसपास मौजूद गटर से तेल निकाला जा रहा है और इस तेल को कई Restaurants में इस्तेमाल किया जा रहा है। कुछ महीनों पहले चाइना के chongqing city का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ। इस वीडियो में restaurant में काम कर रही एक औरत पास के एक गटर के अंदर से तेल निकालती नज़र आ रही है। ज़रा इस वीडियो पर एक नज़र डाल लीजिए। फिर आपको बताते हैं कि इस तेल को कैसे साफ किया जाता है और कैसे इस्तेमाल में लाया जाता है।

जैसे ही ये वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वैसे ही चाइना के साथ साथ पूरे विश्व में खलबली मच गई। जब उस restaurant में जांच हुई जिसमें ये महिला काम कर रही थी तो Restaurant के मालिक ने ये कहते हुए अपना पल्ला झाड़ दिया कि जो महिलाएं गटर के अंदर से तेल निकाल रहीं थी वो बेहद गरीब हैं जिसके कारण वो अपने घर में इस्तेमाल करने के लिए गटर के अंदर से तेल निकाल रही हैं। और इसे साफ करके अपने घर में इस्तेमाल करेंगी। ये जवाब देते हुए Restaurant मालिक ने अपना पल्ला झाड़ लिया और सारा इल्ज़ाम अपनी कर्मचारी पर डाल दिया।

ये तो सिर्फ एक घटना थी जो कैमरे में कैद हो गई। चाइना में एसी कई जगहें हैं जहां इस तरीके से तेल निकाला जाता है और उस तेल से खाना बनाया जाता है। ऐसा हमेशा से नही हुआ करता था। चाइना में हर प्रांत के अपने व्यंजन होते हैं। यहां एक तरफ उत्तरी और सुदूर उत्तरी चीन के व्यंजन हैं जिनमें तेल और मसालों का इस्तेमाल कम किया जाता है और यह खाना उबला हुआ होता है, वहीं दक्षिणी और तटीय चीन के व्यंजनों में अधिक मसालों के साथ साथ तेल भी काफी मात्रा में डाला जाता है। इन सबके साथ ही पिछले 3 दशकों में चीन ने जैसे-जैसे आर्थिक तरक्की की वैसे वैसे चीनियों के व्यंजनों में तेल की मात्रा और भी बढ़ती चली गई। चीन में तेल की मांग बढ़ने के साथ-साथ हर तरह का तेल बाजार में उपलब्ध है। इस समय चीन में 44 प्रतिशत लोग Soybean Oil  खाते हैं, 24 प्रतिशत Canola Oil , 18 प्रतिशत Palm Oil और 9 प्रतिशत लोग Peanut Oil खाते हैं। इनके अलावा बचे हुए 5 प्रतिशत लोग खाना बनाने के लिए कपास के बीज का तेल, सूरजमुखी का तेल, तिल का तेल, कैमेलिया का तेल और जैतून का तेल इस्तेमाल करते हैं।

अब जिस स्पीड में चीन में तेल की मांग बढ़ी उस स्पीड से यहां तेल का उत्पादन नही बढ़ पाया जिसके बाद इस मांग को पूरा करने के लिए और अधिक मुनाफा कमाने के लिए गटर के अंदर से तेल निकाला जाने लगा और इस तरीके से चाइना के कई शहरों से गटर के अंदर से तेल निकाला जाता है। जिसके बाद यहां के लोग अपनी कच्ची फैक्टरियों में इस गंदे को ले जाकर इसे गर्म करते हैं, कई बार इसे कुछ दूसरे तरीकों से भी साफ किया जाता है और फिर डिब्बों में भर कर छोटे छोटे restaurants को इस तेल को बेच दिया जाता है। इस गंदे तेल को लगातार खाने से आपकी लिवर, किडनी damage हो सकती है। यहां तक की आपको आंतों का कैंसर भी हो सकता है।

हैरानी की बात तो ये है कि चाइना खुद भी इस मुद्दे पर कोई ठोस कदम नही उठाता है और जो कोई पत्रकार या फिर अन्य लोग इस मुद्दे को उठाते हैं तो उनका मूह बंद करा दिया जाता है। ऐसे में चाइना के लोग अगर 10 बार बाहर किसी restaurant में खाना खाते हैं तो उसमें से 1 बार तो वो इस गटर से निकाले गए तेल से बना खाना खाते हैं।

इसके साथ ही आजकल भारत में भी कई खाद्य पदार्थों में मिलावट की जा रही है। ये मिलावट आपको धीरे धीरे मौत के मूह में ढकेल रही है। कुछ दुकानदार ज्यादा मुनाफा कमाने के लिए आपकी जान को खतरे में डाल रहे हैं तो अगर आपको किसी भी दुकान के products पर शक हो तो उस दुकानदार को जरूर टोकें और अगर उसका जवाब आपको satisfy न करे तो उसकी Complaint FCI यानी की Food Corporation of India को जरूर करें।