SADHGURU ISHA FOUNDATION: जग्गी वासुदेव उर्फ सद्गुरु द्वारा संचालित ईशा फाउंडेशन आज कल विवादों में घिरा हुआ है। तमिलनाडु के एक रिटायर्ड प्रोफेसर एस. कामराज ने आरोप लगाया है कि उनकी दो बेटियां आश्रम में बंधक हैं और उन्हें जबरदस्ती संन्यासी बना दिया गया है। कामराज का दावा है कि आश्रम में उनकी बेटियों को ऐसा खाना दिया जा रहा है, जिससे उनकी सोचने-समझने की क्षमता प्रभावित हो रही है। इस मामले को लेकर प्रोफेसर ने मद्रास हाईकोर्ट में याचिका दायर की, जिसके बाद कोर्ट ने तमिलनाडु पुलिस से पूरी जानकारी मांगी है। कोर्ट ने यह भी सवाल किया कि सद्गुरु की अपनी बेटी शादीशुदा है, फिर वे दूसरों की बेटियों को संन्यासी बनाने पर जोर क्यों दे रहे हैं।

SADHGURU ISHA FOUNDATION: पिता के आरोपों को खारिज किया
वहीं कामराज की दोनों बेटियां कोर्ट में पेश हुईं और उन्होंने अपने पिता के आरोपों को खारिज किया, यह कहते हुए कि वे अपनी मर्जी से ईशा फाउंडेशन में रह रही हैं। फाउंडेशन ने भी स्पष्ट किया कि वे किसी पर कोई दबाव नहीं डालते और कानून का पालन कर रहे हैं। फाउंडेशन ने आगे कहा कि अगर उनके खिलाफ कोई झूठा प्रचार किया गया, तो वे कानूनी कार्रवाई करेंगे। यह भी उल्लेख किया कि कामराज पहले भी फाउंडेशन पर आरोप लगा चुके हैं, जो साबित नहीं हो सके थे। बता दें कि ईशा फाउंडेशन के 300 से अधिक सेंटर हैं और इससे 20 लाख से ज्यादा लोग जुड़े हुए हैं।
ये भी पढिए- गोल्ड प्राइस पहुंचा ऑल टाइम हाई पर, चांदी में 1048 रुपये की बढ़त

देश दुनिया से जुड़ी हर खबर और जानकारी के लिए क्लिक करें-देवभूमि न्यूज

