CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST: आज छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। यहां डभरा थाना क्षेत्र के सिंघीतराई स्थित वेदांता पावर प्लांट में मंगलवार दोपहर करीब दो बजे अचानक बॉयलर में जोरदार धमाका हो गया। बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त प्लांट में सामान्य कामकाज चल रहा था, तभी अचानक बॉयलर की ट्यूब फटने से यह भीषण धमाका हो गया।
धमाका इतना भीषण था कि इसकी आवाज आसपास के गांवों तक पहुंची और ग्रामीण भय से कांप उठे। इसके बाद पूरे प्लांट परिसर में पल भर में अफरातफरी मच गई। हादसे में 30 से 40 मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए, जिनमें से कई की हालत अत्यंत नाजुक बताई जा रही है।
CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST: मौतों का आंकड़ा अभी तक अनिश्चित
CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST में मृतकों की संख्या को लेकर अलग-अलग जानकारियां सामने आ रही हैं। SP प्रफुल्ल ठाकुर ने चार मजदूरों की मौत की आधिकारिक पुष्टि की है, जबकि कुछ सूत्रों के अनुसार मौके पर 7 से 10 लोगों की जान जाने की आशंका जताई जा रही है। रायगढ़ के जिंदल फोर्टिस अस्पताल में भर्ती करीब 15 घायलों में से 5 के दम तोड़ने की भी खबर है। फिलहाल मृतकों और घायलों की अंतिम आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है।
CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST में घायल मजदूरों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाया गया। कुछ घायलों को खरसिया के पद्मावती अस्पताल में भर्ती कराया गया है, वहीं कुछ घायलों को रायगढ़ के जिंदल फोर्टिस अस्पताल लाया गया है। इसके अलावा कुछ घायलों को सक्ती जिला अस्पताल में भी भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार जारी है।

CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST की सूचना मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और प्रशासनिक अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंच गए। प्लांट प्रबंधन के अधिकारी भी घटनास्थल पर मौजूद हैं और स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। राहत एवं बचाव कार्य तेजी से जारी है। साथ ही प्रशासन ने इस हादसे के कारणों की विस्तृत जांच के निर्देश भी दे दिए हैं।
READ MORE:
- NOIDA PROTEST: आज भी बवाल जारी, श्रमिकों और पुलिस के बीच झड़प, प्रशासन अलर्ट मोड में
- Adhir Ranjan Chowdhury Demands postponement of West Bengal 2026 polls Until All Voters Are on Roll.
- DELHI-DEHRADUN EXPRESSWAY का पीएम मोदी ने किया उद्घाटन, अब ढ़ाई घंटे में दून से दिल्ली का सफर
जानिए वेदांता लिमिटेड के बारें में और बढ़ाइए जानकारी
देश के प्रमुख निजी बिजली उत्पादकों में से एक वेदांता लिमिटेड करीब 4,780 मेगावाट की स्थापित क्षमता के साथ भारत की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने की दिशा में काम कर रही है। बिजली किसी भी देश के बुनियादी ढांचे की सबसे अहम कड़ी होती है, जो आर्थिक विकास और समृद्धि को आगे बढ़ाने में बड़ी भूमिका निभाती है। ऐसे में भारत जैसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था के लिए मजबूत और टिकाऊ पावर इंफ्रास्ट्रक्चर बेहद जरूरी है।
वेदांता लिमिटेड इस दिशा में अपनी आधुनिक तकनीक से लैस ढांचे के जरिए योगदान देने के लिए जाना जाता है। आधिकारिक वेबसाइट के अनुसार कंपनी के पास देशभर में 10 गीगावाट से अधिक का पावर पोर्टफोलियो है, जिसमें से लगभग आधी क्षमता विभिन्न डिस्ट्रिब्यूशन कंपनियों और यूटिलिटीज को व्यावसायिक उपयोग के लिए आपूर्ति करती है।
आज जहां CHHATTISGARH POWER PLANT BLAST की घटना हुई है, उसके बारे में बात करें तो वर्ष 2022 में कंपनी ने आंशिक रूप से निर्मित तापीय विद्युत परियोजना एथेना छत्तीसगढ़ पावर लिमिटेड का अधिग्रहण किया। बाद में जुलाई 2023 में इसे वेदांता लिमिटेड में विलय कर दिया गया।
विलय के बाद इस परियोजना का नाम बदलकर वेदांता लिमिटेड छत्तीसगढ़ तापीय विद्युत संयंत्र (VLCTPP) कर दिया गया। इस प्लांट की कुल उत्पादन क्षमता 1200 मेगावाट है, जिसमें 600-600 मेगावाट की दो इकाइयां शामिल हैं। यह संयंत्र सिंहतराई, शक्ति जिला में स्थित है और क्षेत्रीय ऊर्जा आपूर्ति में महत्वपूर्ण योगदान दे रहा है।
देश दुनिया से जुड़ी हर खबर और जानकारी के लिए क्लिक करें-देवभूमि न्यूज

