यहां प्रधान जी की हो गई तीसरी संतान, डीएम ने किया पद से ‘पैदल’

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कई बार बुलाने के बाद भी प्रधान डीएम के सामने नहीं पहुंचे, इसके बाद डीएम ने की कार्रवाई,
शिकायत मिलने पर जारी किया गया प्रधान जी को नोटिस, जवाब में भी स्वीकारा मेरी तीसरी संतान हुई है

नई टिहरी, ब्यूरो। पंचायतीराज अधिनियम 2019 में संशोधन के बाद त्रि-स्तरीय पंचायतीराज व्यवस्था में फेरबदल किया गया है। इसके अनुसार जिसकी दो संतानें होंगी वही प्रधान, क्षेत्र पंचायत और जिला पंचायत के चुनाव लड़ सकता है। यह नियम 2019 में लागू भी कर दिया गया। इसके बाद भी कई ऐसे प्रधान बन गए जिनकी दो संतानें थी, लेकिन कार्यकाल के बीच में ही तीसरी संतान होने पर उन्हें पद से हटाया जा रहा है। ऐसा ही एक मामला नई टिहरी के भिलंगना ब्लाॅक में सामने आया है। यहां बासर पट्टी के ग्राम पंचायत सेम के प्रधान विक्रम सिंह नेगी को जिलाधिकारी इवा आशीष श्रीवास्तव ने पदमुक्त कर दिया है। ग्राम प्रधान निर्वाचित होने के बाद तीसरी संतान होने पर जिला प्रशासन की ओर से यह कार्रवाई की है।

दरअसल, ग्राम पंचायत सेम के बिकेंद्र सिंह कठैत ने इस इस संबंध में डीएम टिहरी को शिकायत दर्ज करवाई थी। इस शिकायत में उल्लेख किया था कि ग्राम प्रधान विक्रम सिंह नेगी की 25 जुलाई 2019 से पहले दो जीवित संतान थी। 8 जुलाई 2021 को सीएचसी बेलेश्वर अस्पताल में उनकी पत्नी सरिता देवी ने तीसरी संतान को जन्म दिया है। शिकायत का संज्ञान लेने पर डीपीआरओ टिहरी ने भिलंगना के बीडीओ और सहायक विकास अधिकारी को जांच अधिकारी नियुक्त करते हुए रिपोर्ट देने के निर्देश दिए थे। दोनों अधिकारियों की जांच में यह सही पाया गया। इसके बाद ग्राम पंचायत सेम के प्रधान विक्रम सिंह नेगी को नोटिस जारी किया गया। 22 अक्टूबर 2021 को नोटिस के जवाब में ग्राम प्रधान ने स्वयं की तीन जीवित संतान होने की पुष्टि की। इसके बाद 17 फरवरी 2022 को डीएम की ओर प्रधान को स्वयं उपस्थित होने को कहा गया था, लेकिन निर्धारित तिथि तक ग्राम प्रधान न स्वयं उपस्थित हुए और न ही कोई प्रत्यावेदन प्रस्तुत किया। इसके बाद ग्राम प्रधान सेम विक्रम सिंह नेगी को पंचायत राज अधिनियम 2016 (यथासंशोधित-2019 ) की धारा 8 की उपधारा (1) द का स्पष्ट दोषी पाए जाने पर डीएम इवा आशीष श्रीवास्तव ने विगत 25 मार्च को ग्राम प्रधान पद से पदमुक्त कर दिया।