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Business Brokerage Service क्या है? इससे कमाई कैसे होती है, पूरी जानकारी

कोई दुकानदार अपना पूरा बिजनेस बेचना चाहता है, लेकिन उसे सही खरीदार कहां मिलेगा, यह नहीं पता। यहीं काम आती है Business Brokerage Service, जो खरीदार और विक्रेता को आपस में जोड़कर डील पूरी कराती है। आइए समझते हैं यह असल में क्या है और इससे कमाई कैसे होती है।

Business Brokerage Service क्या है

Business Brokerage Service एक ऐसी सर्विस है, जिसमें कोई प्रोफेशनल बिचौलिया किसी बिजनेस को बेचने वाले मालिक और उसे खरीदने के इच्छुक व्यक्ति के बीच पूरी डील को मैनेज करता है। इसमें बिजनेस की सही वैल्यूएशन निकालना, संभावित खरीदारों को गोपनीय तरीके से बिजनेस दिखाना, बातचीत कराना और डील को कानूनी तौर पर पूरा कराना शामिल है। यह रियल एस्टेट ब्रोकिंग से अलग है, क्योंकि यहां प्रॉपर्टी नहीं, बल्कि पूरा चलता हुआ बिजनेस बेचा या खरीदा जाता है।

एक Business Broker असल में क्या काम करता है

एक अच्छा Business Broker सबसे पहले बिजनेस की सही कीमत तय करता है, ताकि न तो मालिक को कम दाम मिले और न ही खरीदार पर ज्यादा बोझ पड़े। इसके बाद वह गोपनीय तरीके से गंभीर खरीदारों तक बिजनेस की जानकारी पहुंचाता है, ताकि प्रतिस्पर्धियों या कर्मचारियों को समय से पहले बिक्री की भनक न लगे। बातचीत के दौरान वह दोनों पक्षों के बीच सही तालमेल बनाता है, और आखिर में कागजी कार्रवाई तथा फंडिंग जैसी जरूरतों में भी मदद करता है।

कमाई कैसे होती है

Business Brokerage Service से कमाई मुख्य रूप से “सक्सेस फीस” यानी कमीशन के जरिए होती है, जो डील पूरी होने पर ही मिलती है। छोटे बिजनेस, यानी जिनकी कीमत करीब ₹80 लाख से ₹8 करोड़ के बीच है, उनके लिए ब्रोकर आमतौर पर बिक्री मूल्य का 8% से 12% तक कमीशन लेते हैं।

बड़ी डील में अक्सर Lehman Scale जैसा टियर्ड फॉर्मूला इस्तेमाल होता है, जिसमें पहले हिस्से पर ज्यादा और बाद के हिस्सों पर घटती हुई दर से कमीशन तय होता है। इसके अलावा कुछ ब्रोकर छोटी डील के लिए न्यूनतम फीस भी तय रखते हैं, ताकि उनका समय बर्बाद न हो।

भारत में यह पेशा कितना रेगुलेटेड है

स्टॉक ब्रोकर या इंश्योरेंस ब्रोकर के उलट, भारत में Business Brokerage Service के लिए फिलहाल कोई अलग लाइसेंसिंग बॉडी या अनिवार्य सर्टिफिकेशन नहीं है, यानी यह पेशा काफी हद तक अनियमित है और भरोसे व नेटवर्क पर टिका है। हालांकि टैक्स के मामले में यह पूरी तरह नियमों के दायरे में आता है, क्योंकि कमीशन या ब्रोकरेज पर धारा 194H, जिसे नए Income Tax Act में 393 के नाम से जाना जाता है, के तहत ₹20,000 सालाना की सीमा पार करने पर 2% TDS कटता है। साथ ही ब्रोकरेज सर्विस पर आमतौर पर 18% GST भी लागू होता है, अगर ब्रोकर का टर्नओवर तय सीमा से ज्यादा है।

Business Broker कैसे बनें

Business Brokerage Service फील्ड में शुरुआत के लिए किसी खास डिग्री की अनिवार्यता नहीं है, बल्कि फाइनेंस, अकाउंटिंग या सेल्स का अनुभव ज्यादा काम आता है। शुरुआत में स्थानीय बिजनेस कम्युनिटी में नेटवर्क बनाना, CA और वकीलों के साथ रिश्ते मजबूत करना, और छोटी-छोटी डील से भरोसा कमाना जरूरी होता है। कुछ लोग विदेशी संस्थाओं जैसे IBBA से सर्टिफिकेशन भी लेते हैं, हालांकि भारत में यह अनिवार्य नहीं बल्कि सिर्फ अतिरिक्त भरोसा दिलाने का जरिया है।

Business Brokerage Service में वैल्यूएशन चार्ट दिखाता ब्रोकर
Business Brokerage Service में सही वैल्यूएशन दिखाना सबसे जरूरी कदम है

ध्यान रखने वाली बातें कोई भी बिजनेस बेचने या खरीदने से पहले ब्रोकर का पुराना ट्रैक रिकॉर्ड जरूर जांचें और एग्रीमेंट में कमीशन की दर, न्यूनतम फीस और टेल क्लॉज जैसी शर्तें साफ-साफ लिखवाएं। चूंकि यह पेशा अनियमित है, इसलिए किसी भी बड़ी डील से पहले CA या वकील से भी सलाह लेना समझदारी भरा कदम है।

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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

1. Business Brokerage Service क्या है?
यह एक ऐसी सर्विस है, जिसमें प्रोफेशनल बिचौलिया बिजनेस बेचने और खरीदने वालों को आपस में जोड़कर पूरी डील मैनेज करता है।

2. Business Broker कितना कमीशन लेता है?
छोटे बिजनेस के लिए आमतौर पर 8% से 12% कमीशन लिया जाता है, जबकि बड़ी डील में टियर्ड Lehman Scale फॉर्मूला इस्तेमाल होता है।

3. क्या भारत में Business Broker बनने के लिए लाइसेंस जरूरी है?
नहीं, फिलहाल इसके लिए कोई अनिवार्य लाइसेंसिंग बॉडी नहीं है, यह पेशा मुख्य रूप से भरोसे और नेटवर्क पर टिका है।

4. Business Broker की कमाई पर टैक्स कैसे लगता है?
₹20,000 सालाना की सीमा पार करने पर कमीशन पर 2% TDS कटता है, और सर्विस पर GST भी लागू हो सकता है।

5. बिजनेस बेचते समय ब्रोकर चुनते वक्त क्या देखें?
ब्रोकर का पुराना ट्रैक रिकॉर्ड, कमीशन की शर्तें और एग्रीमेंट की बारीकियां जरूर जांचें, और बड़ी डील से पहले कानूनी सलाह भी लें।

उपरोक्त जानकारी गूगल और विभिन्न वेबसाइट/समाचार माध्यमों से ली गई है। सटीकता की गारंटी नहीं है।

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