UTTARAKHAND WEATHER FORECAST: उत्तराखण्ड में पिछले कई दिनों से पड़ रही तेज गर्मी और चिलचिलाती धूप से परेशान लोगों के लिए अब राहत की खबर सामने आई है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में राज्य के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलने की संभावना जताई है।
उत्तराखण्ड मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून की ओर से जारी UTTARAKHAND WEATHER FORECAST के अनुसार प्रदेश के पर्वतीय और कुछ मैदानी इलाकों में भारी बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है।
इसी को देखते हुए कई जिलों के लिए ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया गया है। लगातार बढ़ते तापमान के बीच यह बदलाव लोगों को गर्मी से कुछ राहत दे सकता है, लेकिन खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग पूरी तरह सतर्क हो गया है।
UTTARAKHAND WEATHER FORECAST:चौबीस घंटे निगरानी बनाए रखने के निर्देश
मौसम विभाग की चेतावनी के बाद राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने सभी जिलों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश जारी कर दिए हैं। शासन की ओर से जिला प्रशासन, पुलिस, आपदा प्रबंधन और संबंधित विभागों को चौबीस घंटे निगरानी बनाए रखने और किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
पर्वतीय जिलों में बारिश और ओलावृष्टि का ऑरेंज अलर्ट
27 मई 2026 को जारी UTTARAKHAND WEATHER FORECAST के अनुसार 28 मई को उत्तराखण्ड के कई पर्वतीय जिलों में मौसम अचानक करवट ले सकता है। मौसम विभाग ने उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।

इन इलाकों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। इसके साथ ही UTTARAKHAND WEATHER FORECAST के अनुसार 4000 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी भी हो सकती है। विभाग के मुताबिक इन जिलों में तेज गर्जना, आकाशीय बिजली, ओलावृष्टि और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका है।
इसके अलावा राज्य के अन्य जिलों में भी हल्की से मध्यम बारिश, बिजली चमकने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। इसी वजह से बाकी जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।
29 मई को कई जिलों में बहुत भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के सात दिवसीय UTTARAKHAND WEATHER FORECAST के अनुसार के अनुसार 29 मई को भी खराब मौसम का असर बना रहेगा। इस दिन राज्य के ज्यादातर हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि 3800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी की संभावना बनी हुई है।
उत्तरकाशी, देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिलों में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। सबसे ज्यादा चिंता की बात यह है कि उत्तरकाशी, देहरादून, टिहरी, रुद्रप्रयाग और चमोली जिलों में कहीं-कहीं बहुत भारी बारिश हो सकती है।
इन जिलों के लिए मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यहां तेज हवाओं की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे से बढ़कर कुछ समय के लिए 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। बाकी जिलों में भी गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर येलो अलर्ट प्रभावी रहेगा।
30 और 31 मई तक खराब मौसम
मई महीने के आखिरी दिनों में भी मौसम पूरी तरह साफ होने के संकेत नहीं हैं। 30 मई को राज्य के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। 3800 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना भी बनी हुई है। इसके अलावा कई जिलों में बिजली चमकने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं।
पूरे राज्य के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। 31 मई को मौसम में कुछ सुधार की संभावना जरूर जताई गई है, लेकिन उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जैसे पर्वतीय जिलों में हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। इन इलाकों में गरज-चमक और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना बनी हुई है।
भूस्खलन, बिजली गिरने और फसलों को नुकसान का खतरा
मौसम विभाग ने अपनी प्रभाव आधारित चेतावनी रिपोर्ट में बताया है कि 27 से 31 मई के बीच होने वाली तेज बारिश, बिजली गिरने और ओलावृष्टि से जान-माल का नुकसान हो सकता है। खासकर कच्चे मकानों, खेतों में खड़ी फसलों और बागवानी को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई गई है।

29 मई को भारी बारिश के कारण संवेदनशील पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन और चट्टान गिरने की घटनाएं हो सकती हैं। इससे कई मोटर मार्ग और हाईवे बाधित हो सकते हैं। निचले इलाकों में जलभराव और पहाड़ी नदियों-नालों का जलस्तर अचानक बढ़ने का खतरा भी बना रहेगा।
UTTARAKHAND WEATHER FORECAST को देखते हुए मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे अपनी कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थान पर रखें या उसे पॉलिथीन से ढक दें। आम लोगों से अपील की गई है कि बिजली चमकने के दौरान घरों के अंदर रहें, पेड़ों के नीचे खड़े न हों और बिजली से जुड़े उपकरणों से दूरी बनाए रखें।
प्रशासन ने जारी की सख्त गाइडलाइन
भारी बारिश और संभावित आपदा को देखते हुए राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने सभी जिलों के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं। प्रशासन ने साफ कहा है कि खराब मौसम के दौरान पर्वतीय क्षेत्रों में ट्रेकिंग गतिविधियों की अनुमति नहीं दी जाएगी। संवेदनशील सड़कों पर वाहनों की आवाजाही पर भी निगरानी रखी जाएगी।
UTTARAKHAND WEATHER FORECAST को देखते हुए आपदा प्रबंधन से जुड़े सभी विभागों और अधिकारियों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए गए हैं। राष्ट्रीय राजमार्ग, लोक निर्माण विभाग, पीएमजीएसवाई, बीआरओ और अन्य एजेंसियों को सड़क बंद होने की स्थिति में तुरंत मशीनें लगाकर रास्ते खोलने के लिए कहा गया है।
देश दुनिया से जुड़ी हर खबर और जानकारी के लिए क्लिक करें-देवभूमि न्यूज

