UTTARAKHAND CABINET MEETING: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में सचिवालय में आयोजित उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में कुल 20 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक की शुरुआत ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की अभूतपूर्व सफलता के लिए भारतीय सशस्त्र बलों के अद्वितीय शौर्य और साहस को नमन करते हुए हुई। मुख्यमंत्री धामी ने इस अभियान को भारत की सैन्य शक्ति, रणनीतिक सोच और हर हाल में देश की रक्षा के संकल्प का प्रतीक बताया।

UTTARAKHAND CABINET MEETING में इन प्रस्तावों पर लगी मुहर
UTTARAKHAND CABINET MEETING में कैबिनेट ने ऊर्जा विभाग में सुधार से लेकर महिला स्वरोजगार और बाल कल्याण तक कई अहम फैसले लिए हैं।
- उत्तराखंड पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (UPCL) की व्यवस्था में सुधार के लिए मैकेंजी कंपनी की रिपोर्ट के आधार पर बनाई गई नई नीति को कैबिनेट की मंजूरी मिली। इससे ऊर्जा दक्षता बढ़ेगी और बुनियादी ढांचा मजबूत होगा।
- सचिवालय प्रशासन से जुड़ा एक बड़ा निर्णय यह भी लिया गया कि अब मुख्यमंत्री राहत कोष की धनराशि उस बैंक में जमा की जाएगी जो सबसे अधिक ब्याज देगा।
- राज्य में पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए बड़े पैमाने पर पोल्ट्री फार्मिंग नीति को मंजूरी दी गई है। इस नीति के तहत हरियाणा की तर्ज पर उत्तराखंड में अंडे देने वाली 35 और मांस उत्पादन के लिए 20 फार्म बनाए जाएंगे। इससे करीब 3,000 लोगों को रोजगार मिलेगा। इस योजना में पहाड़ी क्षेत्रों के लिए 40 प्रतिशत और मैदानी क्षेत्रों के लिए 30 प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी।
- बैठक में गौवंश के संरक्षण और देखभाल के लिए भी नई नीति को स्वीकृति मिली। अब गौशालाओं में निराश्रित पशुओं की देखरेख के लिए प्रस्ताव जिला स्तर पर ही स्वीकृत होंगे। पहले यह प्रक्रिया शासन स्तर से होती थी। अब यह जिम्मेदारी जिलाधिकारी को दी गई है। पशुपालन विभाग ही इस योजना के लिए धन देगा। सरकार गौशाला निर्माण के लिए 60 प्रतिशत तक की सब्सिडी देगी, जबकि 40 प्रतिशत खर्च एनजीओ द्वारा वहन किया जाएगा।

- महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना को मंजूरी दी गई है। इस योजना के तहत पहले वर्ष में 2,000 अकेली और निराश्रित महिलाओं को स्वरोजगार के अवसर दिए जाएंगे। महिलाएं अधिकतम दो लाख रुपये तक का प्रोजेक्ट बना सकेंगी, जिसमें से सरकार 1.5 लाख रुपये तक की सब्सिडी देगी। अगर कोई महिला व्यवसाय शुरू नहीं कर पाती है तो सरकार वह राशि वापस लेगी, लेकिन योजना का उद्देश्य महिलाओं को आगे बढ़ाना और उनका आत्मविश्वास बढ़ाना है। योजना में कृषि, बागवानी, मत्स्य पालन, ब्यूटी पार्लर जैसे व्यवसायों को शामिल किया गया है। इसके लिए 30 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है।
- UTTARAKHAND CABINET MEETING में सड़क पर घूम रहे निराश्रित गौवंश के लिए 16,000 पशुओं को कवर करने वाली नई नीति को भी मंजूरी मिली है। इसके अंतर्गत अब पहले की तरह शासन को प्रस्ताव नहीं भेजना होगा, बल्कि जिलाधिकारी स्तर पर ही प्रस्ताव स्वीकृत किए जाएंगे। इससे नीति की प्रक्रिया सरल और तेज होगी।
- बाल अधिकारों और सुरक्षा को लेकर भी कई अहम फैसले लिए गए। किशोर न्याय अधिनियम 2015 की धारा 110 के तहत किशोर न्याय निधि के उपयोग के लिए नियमावली को स्वीकृति दी गई है।
- इसके साथ ही उत्तराखंड किशोर न्याय नीति 2025 को भी मंजूरी दी गई। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार स्ट्रीट चिल्ड्रन यानी सड़क पर रहने वाले बच्चों के लिए राज्य नीति को भी स्वीकृति दी गई है, जिससे ऐसे बच्चों को शिक्षा, सुरक्षा और पुनर्वास का लाभ मिल सकेगा।
- इसके अलावा वित्त विभाग में संयुक्त आयुक्त ग्रेड-1 और ग्रेड-2 के प्रमोशन के लिए सेवा नियमावली को भी UTTARAKHAND CABINET MEETING में मंजूरी दी। यह फैसला सरकारी तंत्र में कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावशाली और सुव्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।
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