बीजेपी का मिशन हिन्दू? मुस्लिम सांसदों का लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी सूपड़ा साफ!

भाजपा ने लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी हटाए मुस्लिम सदस्य

  • लोकसभा के बाद राज्यसभा में भी अब भाजपा के सभी सांसद हिन्दू
  • भाजपा ने लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी मुस्लिम नेताओं को नहीं किया रिपीट
  • अगले माह तीन मुस्लिम सांसदों का हो रहा कार्यकाल खत्म

नई दिल्ली, ब्यूरो। हिन्दू बाहुल्य देश हिंदुस्तान में दूसरी बार केंद्र की सत्ता में काबिज और करीब-करीब पूरे देशभर के राज्यों में सत्तासीन भाजपा धीरे-धीरे मुस्लिम चेहरों को लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी हटा रही है। लोकसभा में पहले से ही भाजपा का कोई भी मुस्लिम सांसद नहीं है। अब राज्यसभा के लिए भाजपा ने देशभर में हो रहे 57 सीटों के चुनाव में 22 सीटों पर एक भी मुस्लिम प्रत्याशी को रिपीट नहीं किया है। वर्तमान में भाजपा के राज्यसभा सदस्य और केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, एमजे अकबर और सैयद जफर इस्लाम का कार्यकाल जून माह में खत्म हो रहा है। अब भाजपा का एक भी मुस्लिम चेहरा राज्यसभा में भी नहीं दिखेगा। या यूं कहें कि भाजपा मुस्लिम नेताओं को रिपीट करने की बजाय सिर्फ हिन्दू चेहरों को तरजीह दे रही है।

बीजेपी का मिशन हिन्दू? मुस्लिम सांसदों का लोकसभा के बाद राज्यसभा से भी सूपड़ा साफ!

भारतीय जनता पार्टी देश में सबसे ज्यादा राज्यों के साथ ही केंद्र में दूसरी बार सत्ता में है। दरअसल, भाजपा के तीन मुस्लिम राज्यसभा सदस्यों का कार्यकाल खत्म हो रहा है। पूरे देश में 57 राज्यसभा सदस्यों का चुनाव होना है। भाजपा ने अपने प्रत्याशियों की सूची में एक भी मुस्लिम चेहरे को रिपीट नहीं किया है। राज्यसभा में केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, एमजे अकबर और सैयद जफर इस्लाम का कार्यकाल समाप्त हो रहा है। उत्तराखंड, यूपी समेत देश भर में बीजेपी ने 22 राज्यसभा सीटों के लिए प्रत्याशियों का ऐलान किया है। अगले महीने केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी, एमजे अकबर और सैयद जफर इस्लाम का कार्यकाल समाप्त हो रहा है लेकिन भाजपा ने इनमें से या फिर अन्य किसी भी मुस्लिम नेता को अपना प्रत्याशी नहीं बनाया है। देखा जाए तो लोकसभा में पहले ही से भाजपा का कोई सदस्य नहीं है। अब राज्यसभा में भी कोई मुस्लिम सदस्य नहीं रह जाएगा। कहीं न कहीं भाजपा भी समझती है कि देश के हिंदूओं का पार्टी के प्रति लगाव है। ऐसे में भाजपा सिर्फ हिन्दू चेहरों को ही राज्यसभा भेज रही है।

बता दें कि भाजपा से पहले वजूद में रहे जनसंघ में भी 7 मुस्लिम नेता महत्वपूर्ण भूमिका में रहे। इनमें कई नेता राज्यसभा के साथ ही लोकसभा के भी सदस्य रहे। सिकंदर बख्त, मुख्तार अब्बास नकवी एक बार लोकसभा और एक बार राज्यसभा सदस्य रहे। सिकंदर बख्त जनसंघ के दौर से भाजपा के साथ जुड़े रहे। वह लोकसभा और राज्यसभा दोनों के सदस्य भी रहे। इसके अलावा आरिफ बेग लोकसभा और नजमा हेपतुल्ला बीजेपी से राज्यसभा सदस्य चुनी गई। वहीं, एमजे अकबर भी भाजपा से राज्यसभा के सदस्य रहे हैं। अब लोकसभा सदस्यों का चुनाव 2024 में होना है। अब देखना होगा कि भाजपा किन-किन मुस्लिम चेहरों पर फिर से दांव लगाएगी। कम से कम इतना तो साफ है कि इस जून 2022 से भाजपा का कोई भी सांसद लोकसभा और राज्यसभा में मुस्लिम नहीं है।