देश के उत्तरी हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलने लगा है। दिल्ली-एनसीआर से लेकर उत्तर प्रदेश, राजस्थान और पहाड़ी राज्यों तक बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। मौसम में इस बदलाव के चलते लोगों को गर्मी से राहत मिल सकती है, वहीं कुछ इलाकों में तेज बारिश और आंधी के कारण परेशानी भी बढ़ सकती है। पहाड़ी क्षेत्रों में ऊंचाई वाले स्थानों पर मौसम ठंडा होने के साथ बर्फबारी की संभावना पर भी नजर बनी हुई है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के 14 अक्टूबर को जारी पूर्वानुमान के अनुसार, 15 और 16 अक्टूबर को उत्तर भारत के कई इलाकों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। हालांकि, बारिश की तीव्रता हर जगह एक जैसी नहीं रहेगी। कुछ क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश, जबकि कुछ स्थानों पर तेज हवाओं के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।
दिल्ली-एनसीआर में बारिश से गिर सकता है तापमान
राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में मौसम बदलने के संकेत हैं। दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद में बादल छाने के साथ बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है। इसके चलते दिन के तापमान में गिरावट आ सकती है और लोगों को गर्मी से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
मौसम में बदलाव के दौरान तेज हवाएं चलने और बिजली चमकने की आशंका भी बनी हुई है। ऐसे में वाहन चालकों और खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। बारिश के दौरान सड़कों पर फिसलन और कुछ स्थानों पर जलभराव जैसी समस्याएं भी सामने आ सकती हैं।
उत्तर प्रदेश में किन इलाकों में होगी बारिश?
उत्तर प्रदेश में पश्चिमी और पूर्वी हिस्सों का मौसम अलग-अलग रह सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 15 और 16 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर बारिश और गरज-चमक की संभावना है। वहीं, पूर्वी उत्तर प्रदेश में 16 अक्टूबर को कुछ इलाकों में बारिश हो सकती है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में तेज हवाओं और बिजली चमकने की स्थिति को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। किसानों को भी मौसम का पूर्वानुमान देखकर खेतों में जरूरी काम करने की योजना बनानी चाहिए। कटाई, खुले में रखी फसल और कृषि उपकरणों की सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना उपयोगी रहेगा।
हालांकि, पूरे राज्य में लगातार बारिश होने की संभावना मानना सही नहीं होगा। बारिश स्थानीय मौसम परिस्थितियों के आधार पर अलग-अलग स्थानों पर हो सकती है।
राजस्थान में भी बदलेगा मौसम का मिजाज
राजस्थान में भी अगले कुछ दिनों के दौरान मौसम में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के अनुसार, पश्चिमी राजस्थान में 14 और 15 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है। वहीं, पूर्वी राजस्थान में 14 से 16 अक्टूबर के बीच कुछ इलाकों में बारिश की गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
पूर्वी राजस्थान के कुछ स्थानों पर 15 अक्टूबर को ओलावृष्टि की आशंका भी जताई गई है। ऐसे में किसानों को फसलों की सुरक्षा के लिए स्थानीय मौसम चेतावनियों पर नजर रखनी चाहिए। तेज हवाओं के दौरान पेड़ों के नीचे खड़े होने और कमजोर ढांचों के पास रहने से बचना चाहिए।
बारिश के बाद कुछ इलाकों में तापमान में गिरावट आ सकती है। हालांकि, इसका असर जिले और स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार अलग-अलग हो सकता है।
पहाड़ों पर बारिश और बर्फबारी की संभावना
उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों में भी मौसम सक्रिय रहने के संकेत हैं। हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के कुछ हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई गई है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में तापमान कम रहने पर बर्फबारी की स्थिति बन सकती है, लेकिन हर पहाड़ी इलाके में बर्फ गिरने की पुष्टि नहीं की जा सकती।
पहाड़ों में मौसम तेजी से बदलता है। बारिश के कारण पहाड़ी सड़कों पर फिसलन, कम दृश्यता और भूस्खलन का खतरा बढ़ सकता है। इसलिए पर्यटकों को यात्रा पर निकलने से पहले स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा जानकारी देखनी चाहिए। नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के आसपास जाने से भी बचना चाहिए।
आगे और समाचार पढ़े:
- जेल तैयार रखें’: अभिजीत दीपके का समर्थकों से आह्वान, 16 अक्टूबर को दिल्ली के कनॉट प्लेस में तिरंगा लेकर जुटने की अपील
- राहुल गांधी और विपक्षी नेताओं की याचिका पर आज सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और SIR प्रक्रिया पर उठे सवाल
अगले तीन दिन लोगों को क्या सावधानी बरतनी चाहिए?
मौसम में बदलाव को देखते हुए लोगों को कुछ जरूरी सावधानियां अपनानी चाहिए। आंधी या बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें। वाहन चलाते समय गति कम रखें और सड़क पर पानी भरने की स्थिति में अतिरिक्त सतर्कता बरतें।
किसानों को फसलों और कृषि उपकरणों को सुरक्षित रखने के लिए स्थानीय पूर्वानुमान के अनुसार तैयारी करनी चाहिए। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वाले लोग सड़क की स्थिति और मौसम संबंधी चेतावनियों की जानकारी अवश्य लें।
कुल मिलाकर, दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में अगले दिनों बारिश और तेज हवाओं की संभावना है, जबकि पहाड़ी क्षेत्रों में भी मौसम सक्रिय रह सकता है। बारिश का असर सभी स्थानों पर समान नहीं होगा। लोगों को सलाह दी जाती है कि वे मौसम विभाग के ताजा बुलेटिन के आधार पर ही अपनी यात्रा और दैनिक गतिविधियों की योजना बनाएं।

