बुवाई का सीज़न आते ही बीज, खाद और कीटनाशक के लिए पैसों की जरूरत पड़ती है, लेकिन फसल तैयार होने में महीनों लग जाते हैं। इस बीच नकदी की कमी किसानों को महंगे साहूकारी कर्ज की तरफ धकेल देती है। इसी समस्या का समाधान है Kisan Credit Card, जो 1998 से किसानों को आसान और सस्ता कर्ज उपलब्ध करा रहा है। आइए विस्तार से समझते हैं कि Kisan Credit Card क्या है, इसकी ब्याज दर, लोन लिमिट कितनी है, कौन आवेदन कर सकता है और पूरी प्रक्रिया क्या है।
Kisan Credit Card क्या है?
Kisan Credit Card (KCC) एक ऐसी सरकारी योजना है जो किसानों को बीज, खाद, कीटनाशक और अन्य खेती संबंधी जरूरतों के लिए रिवॉल्विंग क्रेडिट सुविधा देती है। इसका मतलब है कि किसान जरूरत के हिसाब से पैसा निकाल सकता है और फसल बिकने के बाद उसे वापस जमा कर सकता है, बार-बार नया लोन लेने की झंझट के बिना। यह सिर्फ पारंपरिक फसल उत्पादन तक सीमित नहीं है, इसका दायरा अब पशुपालन, मछली पालन और डेयरी जैसी संबंधित गतिविधियों तक भी फैला हुआ है।
KCC पर ब्याज दर कितनी है?
KCC की सबसे बड़ी खासियत इसकी बेहद कम ब्याज दर है। बेस इंटरेस्ट रेट 7 प्रतिशत सालाना है, लेकिन केंद्र सरकार Modified Interest Subvention Scheme (MISS) के तहत समय पर भुगतान करने वाले किसानों को 3 प्रतिशत की छूट देती है। इससे असली या प्रभावी ब्याज दर घटकर मात्र 4 प्रतिशत सालाना रह जाती है, जो भारत में किसानों को मिलने वाली सबसे किफायती संस्थागत कर्ज दरों में से एक है।
KCC की लोन लिमिट क्या है?
केंद्रीय बजट 2025-26 में ब्याज सब्सिडी की सीमा को तीन लाख रुपये से बढ़ाकर पांच लाख रुपये कर दिया गया है, जिसका फायदा 7.75 करोड़ से ज्यादा सक्रिय KCC धारकों को मिल रहा है। इसके अलावा:
- कोलैटरल-फ्री लिमिट अब बढ़ाकर दो लाख रुपये कर दी गई है (पहले यह 1.60 लाख रुपये थी), यानी इतनी राशि तक किसी गारंटी या जमानत की जरूरत नहीं
- लोन लिमिट तय करने के लिए फॉर्मूला है: (Scale of Finance × खेती योग्य जमीन का क्षेत्रफल) + 10% रोजमर्रा और पोस्ट-हार्वेस्ट खर्च के लिए + 20% कृषि संपत्ति के रखरखाव के लिए + फसल बीमा प्रीमियम
- अच्छे रीपेमेंट रिकॉर्ड पर बैंक हर साल लिमिट में लगभग 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी करते हैं
Kisan Credit Card के लिए पात्रता
- स्वामित्व वाले किसान, बटाईदार, किरायेदार किसान और मौखिक पट्टेदार, सभी पात्र हैं
- भूमि स्वामित्व दस्तावेज़ न होने पर भी Joint Liability Group (JLG) या Self Help Group (SHG) के जरिए आवेदन संभव है
- 2020 से मछुआरे और मछली पालन करने वाले किसान भी इस योजना के दायरे में शामिल हैं
- उम्र की कोई ऊपरी सीमा नहीं, 75 साल तक के किसान आवेदन कर सकते हैं
- 60 साल से ऊपर के आवेदकों को को-बॉरोअर (कानूनी उत्तराधिकारी) जोड़ना अनिवार्य है
- SC/ST, OBC, EWS और दिव्यांग आवेदकों के लिए कोई अतिरिक्त बाधा नहीं, योजना सबके लिए समान रूप से उपलब्ध है
जरूरी दस्तावेज़
- भरा हुआ आवेदन फॉर्म
- दो पासपोर्ट साइज़ फोटो
- पहचान प्रमाण (आधार, ड्राइविंग लाइसेंस, वोटर आईडी या पासपोर्ट)
- पता प्रमाण
- राजस्व अधिकारियों द्वारा प्रमाणित भूमि स्वामित्व दस्तावेज़
- खेती किए जा रहे फसलों की जानकारी (क्रॉपिंग पैटर्न) और रकबा
- 1.60 लाख या 3 लाख रुपये से अधिक की लिमिट के लिए सिक्योरिटी दस्तावेज़ (जैसा लागू हो)
Kisan Credit Card के लिए आवेदन कैसे करें?
ऑनलाइन प्रक्रिया (JanSamarth Portal)
- jansamarth.in पोर्टल पर जाएं
- अपनी पात्रता जांचें
- जमीन और फसल से जुड़ी जानकारी भरें
- जरूरी दस्तावेज़ अपलोड करें
- आवेदन सबमिट करें और स्टेटस को Kisan Rin Portal पर ट्रैक करें

ऑफलाइन प्रक्रिया
- नजदीकी बैंक शाखा (कमर्शियल बैंक, ग्रामीण बैंक, सहकारी बैंक या स्मॉल फाइनेंस बैंक) में जाएं
- KCC आवेदन फॉर्म प्राप्त करें और पूरी जानकारी सही तरीके से भरें
- जरूरी दस्तावेज़ फॉर्म के साथ अटैच करें
- बैंक अधिकारी दस्तावेज़ों की जांच कर लोन लिमिट तय करेगा
- स्वीकृति के बाद Kisan Credit Card और पासबुक जारी की जाती है
PM-KISAN लाभार्थियों के लिए खास सुविधा
अगर कोई किसान पहले से PM-KISAN योजना का लाभार्थी है, तो उसकी जमीन और आधार जानकारी पहले से वेरिफाई मानी जाती है। ऐसे किसान सिर्फ एक पेज का सरल फॉर्म भरकर अपने PM-KISAN रजिस्टर्ड बैंक में KCC के लिए आवेदन कर सकते हैं, जिससे प्रक्रिया काफी तेज़ हो जाती है। सरकार ने बैंकों को निर्देश दिया है कि जिन PM-KISAN लाभार्थियों के पास अभी KCC नहीं है, उन्हें प्राथमिकता के आधार पर जारी किया जाए।
डिजिटल KCC (d-KCC) क्या है?
2026 में KCC प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल बना दिया गया है। d-KCC रोलआउट के तहत अब आधार आधारित e-KYC और तेज़ मंजूरी की सुविधा मिलती है, जिससे किसानों को बार-बार बैंक शाखा के चक्कर नहीं लगाने पड़ते।
आवेदन के बाद ध्यान रखने वाली बातें
- KCC पासबुक में नाम, पता, फोटो, क्रेडिट लिमिट और जमीन का पूरा विवरण दर्ज होता है
- यह पासबुक पहचान पत्र की तरह भी काम करती है और हर ट्रांजैक्शन का रिकॉर्ड रखती है
- खाता ऑपरेट करते समय पासबुक साथ रखना जरूरी है
- ब्याज सब्सिडी का पूरा फायदा तभी मिलता है जब समय पर भुगतान किया जाए, देरी होने पर पूरी ब्याज दर (7 प्रतिशत) लागू हो सकती है
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
Q1. Kisan Credit Card पर सबसे कम ब्याज दर कितनी है?
समय पर भुगतान करने वाले किसानों के लिए प्रभावी ब्याज दर 4 प्रतिशत सालाना है।
Q2. क्या बिना जमीन के भी Kisan Credit Card मिल सकता है?
हां, बटाईदार और किरायेदार किसान स्व-घोषणा के आधार पर या Joint Liability Group के जरिए आवेदन कर सकते हैं।
Q3.Kisan Credit Card की अधिकतम लोन लिमिट कितनी है?
ब्याज सब्सिडी की सीमा पांच लाख रुपये तक बढ़ाई गई है, हालांकि असली लिमिट जमीन और फसल के हिसाब से तय होती है।
Q4. कितनी राशि तक कोई गारंटी नहीं देनी पड़ती?
दो लाख रुपये तक की लिमिट के लिए किसी कोलैटरल या जमानत की जरूरत नहीं है।
Q5. PM-KISAN लाभार्थियों के लिए KCC लेना आसान है क्या?
हां, उनकी जानकारी पहले से वेरिफाई होने की वजह से सिर्फ एक पेज का फॉर्म भरकर तेज़ी से KCC मिल सकता है।
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उपरोक्त जानकारी सामान्य जानकारी के लिए है। सटीक ब्याज दर, लिमिट और अपडेट के लिए अपने बैंक या jansamarth.in पोर्टल पर जरूर जांच करें।

