Franchise Business Hidden Costs को नजरअंदाज करना कई नए निवेशकों की सबसे बड़ी गलती साबित होती है। फ्रैंचाइज़ फीस और शुरुआती निवेश का आंकड़ा तो हर जगह दिख जाता है, लेकिन असली खर्च उसके बाद शुरू होता है। जो खर्च ब्रोशर या शुरुआती मीटिंग में नहीं बताए जाते, वही बाद में मुनाफे को धीरे-धीरे खा जाते हैं। आइए जानते हैं कि इनवेस्टमेंट के अलावा किन खर्चों का हिसाब पहले से लगाना जरूरी है।
रॉयल्टी और मार्केटिंग फंड कभी खत्म नहीं होते
आमतौर पर हर Franchise Business को अपनी कुल आमदनी का 4 से 12 प्रतिशत रॉयल्टी के रूप में ब्रांड को देना पड़ता है, इसके अलावा 1 से 4 प्रतिशत नेशनल मार्केटिंग फंड में भी जमा करना होता है। सबसे जरूरी बात यह है कि यह हिस्सा मुनाफे पर नहीं, बल्कि कुल बिक्री पर तय होता है।
इसका मतलब है कि अगर महीना कमजोर भी रहे, तब भी यह रकम चुकानी पड़ती है। समय के साथ यह खर्च मार्जिन पर काफी असर डालता है, इसलिए शुरुआती प्रोजेक्शन बनाते समय इसे जरूर शामिल करना चाहिए।
वर्किंग कैपिटल का गैप अक्सर कम आंका जाता है
Franchise Business डिस्क्लोजर डॉक्यूमेंट में आमतौर पर सिर्फ तीन महीने का वर्किंग कैपिटल दिखाया जाता है, जबकि अनुभवी निवेशक छह से बारह महीने का रिजर्व रखने की सलाह देते हैं। नया आउटलेट मुनाफे में आने में समय लगता है, और इस दौरान किराया, स्टाफ सैलरी और बाकी खर्चे जारी रहते हैं। इसके अलावा टेक्नोलॉजी और POS सिस्टम फीस भी अक्सर अनदेखी रह जाती है। कई ब्रांड अपने खुद के सॉफ्टवेयर इस्तेमाल करने की शर्त रखते हैं, जिसकी मासिक फीस अलग से चुकानी पड़ती है।
रिनोवेशन और सप्लायर की शर्तें भी जोड़ें
ज्यादातर एग्रीमेंट में हर पांच से दस साल में आउटलेट का रिनोवेशन या रीफ्रेश कराना अनिवार्य होता है, ताकि ब्रांड का लुक एक जैसा बना रहे। यह खर्च अचानक आता है और बजट में शामिल न हो तो बड़ा झटका दे सकता है। इसके अलावा कई ब्रांड अपने तय सप्लायर से ही सामान खरीदने की शर्त रखते हैं, जिनकी कीमतें बाजार से ज्यादा हो सकती हैं। यह पाबंदी शुरुआती एग्रीमेंट पढ़ते समय आसानी से नजर से चूक जाती है।

रिन्यूअल और ट्रांसफर फीस भी ध्यान रखें
एग्रीमेंट खत्म होने पर, जो आमतौर पर 10 से 20 साल में होता है, रिन्यूअल के लिए मूल फीस का 25 से 50 प्रतिशत तक दोबारा देना पड़ सकता है। अगर भविष्य में आउटलेट बेचना पड़े, तो ब्रांड ट्रांसफर फीस भी अलग से लेता है। इसके अलावा ब्रांड को अपने अकाउंट ऑडिट करने का अधिकार भी होता है, और किसी गड़बड़ी पर ऑडिट का खर्च भी निवेशक को ही उठाना पड़ सकता है। ये सारी शर्तें एग्रीमेंट में पहले से ही पढ़ लेनी चाहिए।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
सवाल: Franchise Business Hidden Costs की पूरी जानकारी कहां मिलेगी?
जवाब: विस्तृत जानकारी Franchise Sidekick की गाइड पर मिल सकती है।
सवाल: Franchise Business में रॉयल्टी फीस आमतौर पर कितनी होती है?
जवाब: ज्यादातर फ्रैंचाइज़ में रॉयल्टी 4 से 12 प्रतिशत के बीच होती है, जो कुल आमदनी पर आधारित होती है, मुनाफे पर नहीं।
सवाल: Franchise Business में वर्किंग कैपिटल कितना रखना चाहिए?
जवाब: डिस्क्लोजर डॉक्यूमेंट में तीन महीने दिखाए जाते हैं, लेकिन अनुभवी निवेशक छह से बारह महीने का रिजर्व रखने की सलाह देते हैं।
सवाल: Franchise Business में क्या हर कुछ साल में रिनोवेशन कराना पड़ता है?
जवाब: हां, ज्यादातर एग्रीमेंट में हर पांच से दस साल में ब्रांड स्टैंडर्ड के अनुसार रिनोवेशन कराना अनिवार्य होता है।
सवाल: एग्रीमेंट रिन्यू कराने पर क्या फीस लगती है?
जवाब: एग्रीमेंट खत्म होने पर रिन्यूअल के लिए मूल फ्रैंचाइज़ फीस का 25 से 50 प्रतिशत तक दोबारा देना पड़ सकता है।
उपरोक्त जानकारी गूगल और विभिन्न वेबसाइट/समाचार माध्यमों से ली गई है। सटीकता की गारंटी नहीं है।
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